Shardiya Navratri 2021 Day 2: नवरात्रि का दूसरा दिन, मां ब्रह्मचारिणी की पूजा, जानें पूजा विधि, महत्व और मंत्र

Shardiya Navratri 2021 Day 2: नवरात्रि आज यानी 7 अक्टूबर से आरंभ हो चुकी है. नवरात्रि का हिंदू धर्म में विशेष महत्व होता है. नवरात्रि के इन नौ दिनों में मां दुर्गा के नौ रूपों की विधि-विधान से पूजा अर्चना की जाती है. जिससे प्रसन्न होकर मां दुर्गा अपने भक्तों पर कृपा बरसाती हैं. नवरात्रि के दूसरे मां ब्रह्मचारिणी की पूजा होती है. इस बार दूसरा नवरात्र 8 अक्टूबर 2021 शुक्रवार को पड़ रहा है. ऐसे में ये जानना बेहद ही जरूरी है कि आखिर मां ब्रह्मचारिणी की पूजा विधि क्या है, और उसका क्या महत्व होता है. साथ ही पूजा करते समय मंत्रों के जाप का भी विशेष ध्यान रखना होता है.

शास्त्रों में मां दुर्गा का विशेष स्वरूप ब्रह्मचारिणी को बताया गया है. ऐसी मान्यता है कि ब्रह्मचारिणी की आराधना करने से संयम, वैराग्य, शक्ति, तप, त्याग, सदाचार में वृद्धि होती है और शत्रुओं पर भी विजय प्राप्त करने में सफल होते हैं. नवरात्रि के दिन अगर आप विधि पूर्वक मां की पूजा करेंगे तो जीवन में आने वाली सभी परेशानियां दूर हो जाएंगी.

Shardiya Navratri 2021 Day 2: नवरात्रि के दूसरे दिन की पूजा विधि

सुबह जल्दी उठकर, स्नान आदि करके स्वच्छ वस्त्र पहन लें. उसके बाद पूजा स्थान पर गंगाजल छिड़के और मंदिर में दीप जलाएं. दूध, दही, घृत, शक्कर और मधु से माता रानी को स्नान करवाएं. अक्षत, फूल,रोली, चंदन, पान, सुपारी, लौंग आदि को मां दुर्गा के स्वरूप ब्रह्मचारिणी देवी को समर्पित करें. इन सबके बाद मंत्रों का उच्चारण करना ना भूलें. मां को प्रसन्न करने के लिए हवन करें और हवन में ऊँ ब्रां ब्रीं ब्रूं ब्रह्मचारिण्यै नम: मंत्र का उच्चारण करें.

Shardiya Navratri 2021 Day 2: ये है मां ब्रह्मचारिणी की पूजा का महत्व

मां ब्रह्मचारिणी को पौराणिक कथाओं में महत्वपूर्ण देवी के रूप में दर्शाया गया है. ब्रह्मचारिणी माता के नाम का अर्थ है तपस्या और चारिणी यानि आचरण बताया गया है. तप का आचरण करने वाली हैं मां ब्रह्मचारिणी.

shardiya-navratri-2021-day-2know-maa-brahmcharini-puja-vidi-and-importance

PM News Click Here
PM News on Google News Follow on Google News

1 thought on “Shardiya Navratri 2021 Day 2: नवरात्रि का दूसरा दिन, मां ब्रह्मचारिणी की पूजा, जानें पूजा विधि, महत्व और मंत्र”

Leave a Comment